पर्यावरण के प्रति प्रतिबद्धता पौधा वितरण का मूल उद्देश्य

On 15/07/2018    | Time: 17:49:48 PM | Source: Vrindavan Abhishek Mishra | Visits: 184



पर्यावरण के प्रति प्रतिबद्धता पौधा वितरण का मूल उद्देश्य
वृन्दावन चंद्रोदय मंदिर प्रांगण में हुआ 12,600 फलदार पौधों का वितरण

वृन्दावन । स्वामी भक्ति वेदांत मार्ग स्थित वृन्दावन चंद्रोदय मंदिर में रविवार को ओएनजीसी एवं खुशहाली फाउण्डेशन के द्वारा मंदिर परिसर के समीप स्थित 20 गाँवों के लगभग 1700 किसानों को 12,600 फलदार पौधों का वितरण किया गया। इस दौरान किसानों को प्रतापगढ़ का अवाला, इलाहाबाद का एल-49 अमरूद, कलमी नीबू, कन्धारी आनार, थाईलैंड की एप्पल बैर व गुच्छेदार बेल सहित अन्य हाइब्रिड क्वालिटी के फलदार पौधे वितरित किए गए।

इस मौके पर कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे श्रीश्री राधा रमण मंदिर के पद्मनाभ गोस्वामी जी ने कहा कि पर्यावरण के प्रति प्रत्येक मानव की जिम्मेदारी है कि वह इस मौसम में पौधे लगाकर धरती माँ का श्रृंगार करने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभायें। वहीं कार्यक्रम में चंद्रोदय मंदिर के उपाध्यक्ष भरतर्षभा दास ने कहा कि यह सम्मेलन श्रील प्रभुपाद के स्वप्न को साकार करने का एक छोटा सा प्रयास है। चंद्रोदय मंदिर के प्रांगण में जिस प्रकार तीस एकड़ भूमि पर द्वादशा कानन वन के प्रतिरूप को पुनः स्थापित किया जाएगा। उसी प्रकार हमारी कोशिश होगी कि मंदिर के आस-पास के गाँवों में किसानों द्वारा पौधा रोपड़ करा गाँवों को हरा-भरा व किसानों को आर्थिक रूप से मजबूत किया जाए। इस दौरान खुशहाली फाउंडेशन के महासचिव अजय यादव जी ने किसानों को मानव जीवन में पौधों की उपयोगिता से रूबरू कराया। इस दौरान उन्होंने कहा कि संस्था द्वारा ब्रज में यह प्रथम कार्यक्रम है जो किसानों के सहयोग से पूर्ण हो रहा है। अपने वक्तव्य में उन्होंने कहा कि आगे भविष्य में हम 208 गाँवों में 60,000 फलदार पौधे वितरित करने वाले हैं।

इस दौरान कार्यक्रम में परमेश्वरी देवी धानुका सरस्वती विघा मंदिर के प्रधानाचार्य श्री श्याम प्रकाश पाण्डेय, हासानंद गोचर भूमि ट्रस्ट के सचिव सुनील शर्मा, ग्राम पंचायत सुनरख बांगर के प्रधान जयपाल सिंह, ग्राम पंचायत आटस बांगर के प्रधान चंदन सिंह एवं ज्यौनाई ग्राम के प्रधान श्री राजू पचौरी जी सहित अन्य गणमान्य लोगों ने कार्यक्रम में उपस्थित होकर अपनी मुख्य भूमिका निभायी। इस मौके पर किसानों को श्रीश्री राधा वृन्दावन चंद्र का प्रसाद भी वितरण किया गया।