निश्छल मुस्कान और स्वच्छता-सन्देश के साथ ज्ञानदीप में गूँजा ‘चाचा नेहरू-चाचा नेहरू‘

On 15/11/2017    | Time: 09:20:22 AM | Source: Mathura News | Visits: 18



निश्छल मुस्कान और स्वच्छता-सन्देश के साथ ज्ञानदीप में गूँजा ‘चाचा नेहरू-चाचा नेहरू‘
गोवर्धन रोड स्थित ज्ञानदीप शिक्षा भारती में बच्चों के प्रिय ‘चाचा नेहरु‘ के जन्म दिवस पर खिलते फूलों की सी निश्छल मुस्कान बिखरी हुई थी और इसके साथ ही हजारों छात्र-छात्राओं ने स्वच्छता की शपथ के साथ यह संकल्प लिया कि हम स्वयं स्वच्छता रखेंगे, परिवार एवं समाज को भी स्वच्छ वातावरण के लिए जागृत करेंगे तथा पौलीथिन का बहिष्कार करेंगे।



इस अवसर पर ज्ञानदीप परिसर में एक प्रदर्शनी भी लगाई गई थी स्थान-स्थान पर गन्दगी न फैलाने, कूड़ा ‘डस्ट बिन‘ में डालने और वहीं थूकने, केला खाकर छिलका सड़क पर न फेंकने, जलपान-भोजन से पहले-बाद में हाथ धौने, पौलिथिन का प्रयोग न करने आदि के बैनर लगा कर प्रेरक सन्देश दिया गया था।



नेहरु जी को बच्चे प्रिय थे और बच्चों के वह प्रिय ‘चाचा नेहरु‘ थे। हर्षोल्लास के इसी वातावरण में बाल-कलाकारों ने सभागार के मंच पर नहीं उन्मुक्त मंच पर नाचते-झूमते गाया-



फूल खिलेगा बागों में जब तक गुलाब का प्यारा

तब तक जिन्दा है धरती पर चाचा नाम तुम्हारा, ओ चाचा नेहरू, चाचा नेहरू।



आकाशवाणी के पूर्व उद्घोशक और ब्रजभाशा कवि श्रीकृष्ण शरद ने इस अवसर पर काव्य पाठ करते हुए कहा-माखन हैं, मिसरी हैं, मन के महाराजा हैं, वारे हैं, वारे-वारे, जिन पै हम वारे हैं।



ज्ञानदीप के संस्थापक सचिव मोहन स्वरूप भाटिया ने कहा कि देश में अनेक प्रधान मंत्री हुए हैं किन्तु पंÛ जवाहर लाल नेहरू को आज याद किया जा रहा है और. सदियों तक इसलिए याद किया जाता रहेगा कि वह बच्चों से प्यार करते थे और बच्चे उन से प्यार करते थे। नेहरू जी किसी सभा में हँसते-मुस्कराते बच्चे को देखते तो सुरक्षा प्रबन्धों को चीरते हुए वहाँ पहुँचते और बच्चे को गोदी में उठाकर प्यार करते थे।



बाल दिवस समारेह की मुख्य अतिथि अन्तर्राष्ट्रीय ख्याति प्राप्त कलाकार वन्दनाश्री जी ने बाल-कलाकारो द्वारा प्रस्तुत कार्यक्रमों की प्रशंसा करते हुए कहा कि ये प्रतिभासम्पन्न कलाकार भाविष्य में मंच के प्रतिष्ठित कलाकार बनेंगे। वन्दनाश्री जी इतनी भाव-विभोर हो उठी कि उनके साथ नृत्य करने लगीं।



कार्यक्रम में शिक्षक रोहित कुमार ने नेहरू जी सम्बन्धित गीत का गायन एवं धीरेन्द्र सिंह ने नेहरू जी सम्बन्धित काव्य पाठ किया। ज्ञानदीप के शिक्षक-शिक्षिका जितेन्द्र कुमार, जय भूषण शर्मा, रोहित अग्रवाल, श्रीमती भावना शर्मा तथा श्रीमती दीपाली ने कार्यक्रम में सराहनीय सहयोग प्रदान किया। बाल-दिवस समारोह के समापन पर शैक्षिक निर्देशिक श्रीमती प्रीति भाटिया ने बच्चों की उत्तरोत्तर प्रगति हेतु आशीर्वाद प्रदान किया। संचालन संदीप कुलश्रेष्ठ ने किया।



इस अवसर पर अध्यक्ष रमेश कुमार शर्मा तथा उमेश शर्मा, राजेश अग्रवाल, विनोद कुमार सेठी सहित बड़ी संख्या में अभिभावक भी उपस्थित थे।